चढ़ावे में कथित गबन के आरोप सामने आने के बाद से ट्रस्ट के दोनों पदाधिकारी लगातार चर्चा में थे। मामले की जांच कर रही विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने पिछले दिनों चंपत राय और ट्रस्ट से जुड़े अन्य अधिकारियों से लंबी पूछताछ की थी। जांच के दौरान चढ़ावे की गिनती, नकदी की सुरक्षा व्यवस्था और पूरी प्रक्रिया से जुड़े कई पहलुओं पर सवाल किए गए थे।
जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि चढ़ावे की गिनती में शामिल कर्मचारियों की नियुक्ति किस प्रक्रिया से हुई और नकदी प्रबंधन में किसकी क्या भूमिका थी। जांच के दौरान कई दस्तावेज भी खंगाले गए और संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ की गई।
इससे पहले चंपत राय के चालक रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू सहित कई लोगों से पूछताछ की गई थी। जांच के दौरान नकदी प्रबंधन और चढ़ावे की सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े कई बिंदुओं पर जानकारी जुटाई गई। मामले में पहले ही कई शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं और एसआईटी पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।
चढ़ावा विवाद सामने आने के बाद ट्रस्ट की कार्यप्रणाली और वित्तीय प्रबंधन को लेकर राजनीतिक और सार्वजनिक स्तर पर भी सवाल उठे थे। अब चंपत राय और अनिल मिश्रा के इस्तीफे को इस पूरे घटनाक्रम का अहम मोड़ माना जा रहा है। ट्रस्ट में दोनों पदों पर नई नियुक्तियों को लेकर आगे निर्णय लिया जाएगा।
