कानूनी जवाब के मुताबिक, 16 सितंबर 2026 को आदित्य ठाकरे के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से अंग्रेजी और मराठी में किए गए दो पोस्ट में सतीश सालियान का नाम नहीं लिया गया था। जवाब में यह भी कहा गया है कि पोस्ट में ऐसा कोई स्पष्ट संदर्भ नहीं था, जिससे सतीश सालियान की पहचान की जा सके।
आदित्य ठाकरे की ओर से यह भी दोहराया गया है कि वह दिशा सालियान से कभी मिले या उन्हें जानते तक नहीं थे। उन्होंने अपने इस बयान पर कायम रहने की बात कही है। कानूनी जवाब में कहा गया है कि संबंधित पोस्ट का उद्देश्य किसी व्यक्ति को बदनाम करना नहीं था।
जवाब में दावा किया गया है कि दोनों पोस्ट का संदर्भ उनके नाम को दिशा सालियान की मौत से जोड़ने वाले लंबे समय से चल रहे राजनीतिक और मीडिया अभियान से था। इसमें कहा गया कि कुछ व्यक्तियों और कथित हित समूहों की ओर से उनके नाम को इस मामले से जोड़ने की कोशिशों पर सवाल उठाए गए थे।
सतीश सालियान की ओर से भेजे गए नोटिस में आदित्य ठाकरे के बयानों और मामले से जुड़े उनके सोशल मीडिया पोस्ट पर आपत्ति जताई गई थी। नोटिस में पोस्ट हटाने, सार्वजनिक रूप से माफी मांगने और अंग्रेजी तथा मराठी में माफीनामा प्रकाशित करने की मांग की गई थी।
आदित्य ठाकरे के जवाब में इन सभी मांगों को अस्वीकार कर दिया गया है। उनकी ओर से कहा गया है कि संबंधित पोस्ट में कोई झूठा या मानहानिकारक बयान नहीं दिया गया। 500 करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग को भी जवाब में खारिज किया गया है।
कानूनी जवाब में यह भी कहा गया है कि किसी मामले में जांच शुरू होना अपने आप में किसी व्यक्ति की संलिप्तता या अपराध साबित नहीं करता। जवाब में जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचने की बात कही गई है।
दिशा सालियान की मौत जून 2020 में मुंबई के मलाड इलाके में एक इमारत से गिरने के बाद हुई थी। उनकी मौत के बाद इस मामले को लेकर अलग-अलग तरह के दावे सामने आए और इसे लेकर लंबे समय से जांच तथा कानूनी प्रक्रिया चलती रही है।
आदित्य ठाकरे की ओर से कहा गया है कि वह दिशा सालियान के पिता के साथ व्यक्तिगत विवाद में नहीं पड़ना चाहते। साथ ही उन्होंने मामले की जांच को तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ने देने की बात कही है।
25 पन्नों के जवाब में नोटिस वापस लेने की मांग भी की गई है। इस तरह 500 करोड़ रुपये के मानहानि नोटिस पर दोनों पक्षों के बीच कानूनी विवाद अब आगे बढ़ने की स्थिति में है। फिलहाल आदित्य ठाकरे ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट वापस लेने या माफी मांगने से साफ इनकार कर दिया है।
