करीब 24 साल बाद IRCTC की वेबसाइट में बड़ा बदलाव किया गया है। पुरानी वेबसाइट वर्ष 2002 में लॉन्च हुई थी। इस दौरान इंटरनेट और डिजिटल तकनीक में आए बदलावों को ध्यान में रखते हुए नए पोर्टल को अधिक तेज, सरल और उपयोगकर्ता के अनुकूल बनाया गया है।
जानकारी के अनुसार, IRCTC पर हर दिन करीब 14.5 लाख टिकट बुक किए जाते हैं, जबकि हर महीने करोड़ों यात्री इस प्लेटफॉर्म का उपयोग करते हैं। नए पोर्टल का उद्देश्य टिकट बुकिंग प्रक्रिया को पहले से अधिक आसान और तेज बनाना है।
नई IRCTC वेबसाइट में क्या-क्या बदला?
बेवजह कैप्चा से राहत
नई वेबसाइट पर अनावश्यक कैप्चा की जरूरत नहीं होगी, जिससे टिकट बुकिंग की प्रक्रिया पहले से अधिक सहज बनेगी।
गैर जरूरी पॉप-अप खत्म
यूजर्स को अब बार-बार आने वाले अनचाहे पॉप-अप और फ्लैशिंग ग्राफिक्स का सामना नहीं करना पड़ेगा, जिससे वेबसाइट का अनुभव बेहतर होगा।
एक ही स्क्रीन पर सीट उपलब्धता
टिकट बुकिंग के दौरान सभी श्रेणियों (क्लास) में उपलब्ध सीटों की जानकारी एक ही स्थान पर दिखाई देगी, जिससे विकल्प चुनना आसान होगा।
तेज चेकआउट प्रक्रिया
बुकिंग के दौरान आवश्यक स्टेप्स को कम किया गया है। इससे टिकट पहले की तुलना में कम समय में बुक हो सकेगा।
दोबारा टिकट बुक करना होगा आसान
यात्रियों की जानकारी सुरक्षित रहेगी, जिससे अगली बार टिकट बुक करते समय बार-बार विवरण भरने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
छात्रों की मदद से तैयार हुआ नया डिजाइन
IRCTC ने नई वेबसाइट के डिजाइन और यूजर इंटरफेस को विकसित करने में छात्रों की भी मदद ली है। नई कलर थीम और लेआउट को अधिक आकर्षक और उपयोगकर्ता के अनुकूल बनाने के लिए उनके सुझावों का उपयोग किया गया है।
फिलहाल वेबसाइट का बीटा वर्जन जारी किया गया है। उपयोगकर्ताओं से मिलने वाले फीडबैक के आधार पर इसमें आगे और सुधार किए जाएंगे, ताकि अंतिम संस्करण बेहतर अनुभव प्रदान कर सके।
नए पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन से भी होगी कनेक्ट
IRCTC जल्द ही अपनी वेबसाइट को नए पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन (Passenger Reservation Engine) के साथ भी जोड़ेगा। प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) के अनुसार, रेलवे इस रिजर्वेशन सिस्टम को भी अपग्रेड कर रहा है।
आने वाले कुछ सप्ताह में नया रिजर्वेशन इंजन उपलब्ध होने की संभावना है। वर्तमान में ट्रेन टिकट बुकिंग ऐप्स और वेबसाइट को संचालित करने वाला दशकों पुराना सिस्टम बड़े स्तर पर अपग्रेड किया जा रहा है, जिससे भविष्य में टिकट बुकिंग की क्षमता और गति दोनों में सुधार होगा।
