हैरी ब्रूक की कप्तानी में इंग्लैंड ने पूरी श्रृंखला में शानदार प्रदर्शन किया है। मेजबान टीम पहले ही 3-0 की अजेय बढ़त हासिल कर चुकी है और उसके खिलाड़ियों ने बल्लेबाजी तथा गेंदबाजी दोनों विभागों में लगातार दमदार खेल दिखाया है। कप्तान हैरी ब्रूक ने चौथे मुकाबले में विस्फोटक बल्लेबाजी करते हुए केवल 35 गेंदों में 79 रन बनाए थे जबकि फिल साल्ट जैकब बेथेल और टॉम बैंटन ने भी लगातार उपयोगी पारियां खेलकर भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। जरूरत पड़ने पर सैम करन ने भी बल्ले से अहम योगदान दिया है।
गेंदबाजी में जोफ्रा आर्चर और जोश टंग की जोड़ी भारत के लिए सबसे बड़ी चुनौती साबित हुई है। नई गेंद से दोनों तेज गेंदबाजों ने भारतीय शीर्ष क्रम को लगातार परेशान किया है। इंग्लैंड के स्पिन और तेज गेंदबाजों के संतुलित प्रदर्शन ने पूरी श्रृंखला में भारतीय बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।
दूसरी ओर भारतीय टीम का प्रदर्शन उम्मीदों के अनुरूप नहीं रहा। युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी लगातार मिले अवसरों का फायदा नहीं उठा सके जबकि अभिषेक शर्मा पिछले दो मुकाबलों में बड़ी पारी खेलने में असफल रहे। ईशान किशन भी रनों के लिए संघर्ष करते दिखाई दिए। तिलक वर्मा और अक्षर पटेल का बल्ला भी इस श्रृंखला में खामोश रहा। हालांकि कप्तान श्रेयस अय्यर ने चौथे मुकाबले में 80 रन की शानदार पारी खेलकर अपने शानदार फॉर्म का परिचय दिया और टीम को संघर्ष करने का मौका दिया।
गेंदबाजी विभाग में भी भारतीय टीम अपेक्षित प्रभाव नहीं छोड़ सकी। अर्शदीप सिंह हर्षित राणा और प्रसिद्ध कृष्णा लगातार रन लुटाते नजर आए जबकि स्पिन विभाग में भी विपक्षी बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में सफलता नहीं मिली। ऐसे में आखिरी मुकाबले में भारतीय टीम अपने सभी विभागों में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद करेगी।
साउथैम्पटन के रोज बाउल मैदान की बात करें तो यहां की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों के लिए अनुकूल मानी जाती है। अच्छी बाउंस और तेज आउटफील्ड के कारण बल्लेबाज खुलकर शॉट खेल सकते हैं। इस मैदान पर पहली पारी का औसत स्कोर लगभग 166 रन है जबकि दूसरी पारी में औसतन 138 रन बने हैं। आंकड़े बताते हैं कि यहां पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम को अधिक सफलता मिली है। अब तक खेले गए 24 टी20 मुकाबलों में 16 बार पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम विजयी रही है जबकि लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम केवल 8 मैच जीत सकी है। ऐसे में टॉस की भूमिका भी काफी महत्वपूर्ण रहने वाली है।
मौसम की बात करें तो क्रिकेट प्रेमियों के लिए अच्छी खबर है। मौसम विभाग के अनुसार पूरे मुकाबले के दौरान आसमान साफ रहने की संभावना है और बारिश की आशंका बेहद कम है। ऐसे में दर्शकों को बिना किसी रुकावट के पूरे 40 ओवर का रोमांचक मुकाबला देखने को मिल सकता है।
भारतीय टीम के लिए यह मुकाबला केवल हार जीत का नहीं बल्कि आत्मविश्वास वापस हासिल करने और दुनिया की नंबर एक टी20 टीम का ताज बचाने का अवसर भी है। वहीं इंग्लैंड की नजर सीरीज में क्लीन स्वीप करने के साथ दुनिया की नंबर एक टीम बनने के गौरव पर होगी। यही वजह है कि दोनों टीमों के बीच यह मुकाबला बेहद रोमांचक और हाई वोल्टेज होने की पूरी उम्मीद है।
